14/03/2026
एक दांत की कमी… और पूरा संतुलन बिगड़ सकता है
हाल ही में एक युवा मरीज “गोपाल” (नाम बदला हुआ) हमारे क्लिनिक आए।
उनका एक दांत खराब होकर निकालना पड़ा था और वह कुछ समय से उस जगह को खाली छोड़कर चल रहे थे।
शुरू-शुरू में उन्हें लगा कि
“एक दांत नहीं है तो क्या फर्क पड़ेगा?”
लेकिन कुछ समय बाद समस्याएँ शुरू हो गईं।
दांत रिप्लेस करने के दो मुख्य विकल्प 1.डेंटल इम्प्लांट (Dental Implant – आधुनिक तरीका)
• इसमें खाली जगह पर ही नया दांत लगाया जाता है
• पास के स्वस्थ दांतों को छूने या घिसने की जरूरत नहीं होती
• मजबूत, प्राकृतिक जैसा और लंबे समय तक चलने वाला समाधान
• आज की डिजिटल और एडवांस्ड तकनीक से यह प्रक्रिया काफी सुरक्षित और आरामदायक है 2.ब्रिज (Bridge – पुराना तरीका)
• इसमें खाली जगह के दोनों तरफ के स्वस्थ दांतों को घिसना पड़ता है
• उन पर 3 दांतों का ब्रिज लगाया जाता है
• समय के साथ उन दांतों पर ज्यादा लोड पड़ सकता है
• भविष्य में उन दांतों की लाइफ प्रभावित हो सकती है अगर दांत समय पर रिप्लेस न किया जाए तो क्या होता है?
❗ पास वाले दांत धीरे-धीरे खाली जगह की तरफ झुकने लगते हैं
❗ दांतों के बीच स्पेस बनने लगती है
❗ सामने वाला (opposite) दांत supra-eruption करके ज्यादा बाहर आ जाता है
❗ इन सब कारणों से
• खाना फंसना (food lodgement)
• कैविटी और मसूड़ों की समस्या
• चबाने में परेशानी
• पूरे बाइट का संतुलन बिगड़ना